फिर खुशी के दौर आएंगे

काव्य सृजन प्रतियोगिता में बिखरे कविताओं के रंग मुंबई . एक तरफ कोरोना काल में अधिकतर…

दिलीप कुमार का बिदा होना एक पारिवारिक क्षति : शहनाज़ हुसैन

हिंदी सिनेमा के सुपर स्टार दिलीप साहिब का इस दुनिया से बिदा होना मेरे लिए एक…

पंचायत चुनाव में सरकारी अपराध की भरी गगरी: यूपी बना अंधेरनगरी

अनिल सिंह इस समय उत्तर प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव (Panchayat elections) हो रहे…

आप बूढ़े कब होते हैं?

यह बड़ा अजीब सा प्रश्न है कि आप बूढ़े कब होते हैं (This is a very…

जब मैं पत्थर को देखता था, तभी उसमें रूप गढ़ लेता था: हेमंत जोशी

बेजान पत्थरों में जान डालने वाले मूर्तिकार हेमंत जोशी का साक्षात्कार बेजान पत्थरों में जान डालकर…

आओ थामें वात्सल्य की अंगुली!

आओ थामें वात्सल्य की अंगुली!अरुण लाल वह राह दिखाता है, वो समझाता है जीवन, वह कहता…

कैसे थमेगा साइबर अपराधों का सिलसिला?

एड. अनुपमा कोलेकरसाइबर अपराध नई पीढ़ी (Cybercrime is catching the new generation) को अपने पंजों में…

मनुष्य

भगवत रावत दिखते रहने के लिए मनुष्यहम काटते रहते हैं अपने नाखूनछंटवाकर बनाते-संवारते रहते हैं बालदाढ़ी…

भाइयों के सुख में ही अपने सुख को देखना

अमृतलाल नागरभारत एक ऐसा देश है, जहां महानतम लोगों की खान रही है। ऐसे में उनके…

Buddha Purnima : वह संवाद जिसके बाद नागसेन ने मिनांडर को गुरु बना लिया

हिन्दी-यूनानी राजा मिनाण्डर के ग्रंथ ‘मिलिंद पन्हों’ में बौद्ध आचारी नागसेन का ज़िक्र मिलता है। दूसरे…

प्रेरक प्रसंग: संकल्प

एक बार एक पक्षी समुंदर में से चोंच से पानी बाहर निकाल रहा था। दूसरे ने…

तुम मेरी पहली मित्र हो मां!

यूं तो हम हमेशा तुम्हें याद करते हैं, जब भी हम ख़ुश होते हैं और दुख…

मां : जीवन की पहली गुरु, जिससे जीवन यात्रा हुई शुरू

”बेटा… पहले रामचरित मानस के ये चार दोहे मुझे सुना दो…. हां, और वह भी ऊंचे-लयबद्ध…

सबसे अच्छी प्रशिक्षक होती है माँ

माँ से बेटे-बेटियों का रिश्ता अटूट होता है। इस रिश्ते से बड़ा रिश्ता कोई नहीं। जिंदगी…

सुख-दुःख में जब निकली आह, सामने खड़ी देखी मां

‘मां’, इस छोटे से ममतामयी शब्द में पूरा संसार समाया है …और क्यों ना समाए? कहते…

ग़लतियां हमें केवल बुद्धिमान बनाती हैं : ओपरा विनफ्रे

आज हम बात कर रहे हैं ओपरा विनफ्रे ज‍िनका जीवन दुन‍िया भर के लोगों को प्ररेणा…

जीवन से दूर कहीं शांति नहीं है

जीवन हमेशा चलता रहा है, चलता रहेगा, बस लोग बदल जाते हैं। लाखों वर्षों के मानव…

प्रेरक कथन : चातुर्य बिना दुश्मन बनाए खुद को सत्यापित करने की कला

मेरी शक्तियां बहुत साधारण हैं और मेरी सफलता का राज कोई शक्ति नहीं, सतत अभ्यास है।…

फेसबुक के मंच पर पेंटिंग और कविताओं की जुगलबंदी

मुंबई. फेसबुक के मंच पर अब पेंटिंग और कविताओं की प्रदर्शनी एक साथ आयोजित की जाएगी।रंग-शब्द…

अभ‍िव्‍यक्‍त‍ि का कोना : चाय की कीमत

बात उन दिनों की है, जब मेरी नई-नई नौकरी लगी थी। मैं घर से नाश्ता करके…

वंचित जनता के हक के लिए चलती थी भगत सिंह की कलम

गुलजार हुसैन ब्रिटिश साम्राज्यवाद के खिलाफ आवाज बुलंद करने वाले क्रांतिकारी शहीद भगत सिंह की कलम…

क्‍या आप जानते हैं : मुंबई में है दुन‍िया का सबसे बड़ा पगोडा…

कहते हैं क‍ि बुद्ध ने जीवन को सजगता से जीना स‍िखाया, और सजगता से ही इंसान‍ियत…

जब मौका म‍िला तो जानवर से भी बदतर हुए इंसान

आज हम बात कर रहे हैं ऐसी कलाकारी के बारे में जो आपने न कभी देखी…

तुम्हें उत्पीड़क के बजाय इंसान बने रहना होगा स्त्री!

विकृत हो चुकी परंपराओं और संस्कारों की उन अंधेरी गलियों का लंबा त्रासद काल पीछे छूट…

आजादी है, महिला का पहला हक

बालीवुड में लज्जा, मदर इंडिया, दामिनी, मर्दानी जैसी फिल्में भले ही अपनी पटकथा से स्त्री सशक्तिकरण…

मजबूत अन्नपूर्णा : मेक इन इंडिया और स्किल इंडिया की शानदार मिसाल हैं भारतीय महिलाएं

सिर्फ एक औरत में ही यह माद्दा रहता है कि वो सबसे कठिन परिस्थितियों मे अदभुत…

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस : इससे तय होंगे स्त्रीशक्ति के असल मायने

स्त्री-सशक्तिकरण का एक अर्थ यह भी है कि अब हम सब मिलकर धूमिल पड़ती जा रही…

मूल्य-शिक्षा प्रसार में महिलाओं की भूमिका

‘मूल्य शिक्षा’ में केवलदो शब्द हैं: ‘मूल्य’ एवं ‘शिक्षा’, लेकिन इन दो ही शब्दों से बनी…

अभ‍िव्‍यक्‍ति‍ का कोना : सिग्नल वाली लड़की

ब्लैक उलझे बाल, इंटेंस सोगवार आंखें और सूखे सुर्ख अधर। खूबसूरती का ये सबसे “खतरनाक कॉकटेल”…

अभ‍िव्‍यक्‍त‍ि का कोना : चाय की कीमत

बात उन दिनों की है, जब मेरी नई-नई नौकरी लगी थी। मैं घर से नाश्ता करके…

अभ‍िव्‍यक्‍त‍ि का कोना : मेरा फैसला

चाहे आप जिंदगी से भाग रहे हों या जिंदगी में भाग रहे हों, ना चाहते हुए…

जरा-जरा हम सबमें है शिवाजी का स्वरूप

जुझारू और संघर्षशील मां का एक ऐसा बेटा जो उठते, जागते, खाते, खेलते और यहां तक…

छत्रपति शिवाजी: एक महान विचार और कर्म

अगर मनुष्य के पास आत्मबल है, तो वो सारी दुनिया के दिल में अपने कर्म की…

छत्रपति शिवाजी: एक महान विचार और कर्म

अगर मनुष्य के पास आत्मबल है, तो वो सारी दुनिया के दिल में अपने कर्म की…

अभिव्यक्ति का कोना : तुम खुश हो न

यों इसमें खास क्या है? लोग मिलते हैं तो औपचारिकतावश या दिल से हाल-चाल पूछते ही…

अभिव्यक्ति का कोना : तुम खुश हो न

यों इसमें खास क्या है? लोग मिलते हैं तो औपचारिकतावश या दिल से हाल-चाल पूछते ही…

अभिव्यक्ति का कोना : तुम आई भी तो ऐसे

सब कहते थे वो नहीं आएगी, पर मेरा दिल मानने को तैयार नहीं था। मुझे पूरा…

अभिव्यक्ति का कोना : तुम आई भी तो ऐसे

सब कहते थे वो नहीं आएगी, पर मेरा दिल मानने को तैयार नहीं था। मुझे पूरा…

अभिव्यक्ति का कोना : वादा

यूं तो तुम हंसती रहती हो, पर आज भी तुम्हारी आंखों में दर्द देख लेता हूं…

अभिव्यक्ति का कोना : वादा

यूं तो तुम हंसती रहती हो, पर आज भी तुम्हारी आंखों में दर्द देख लेता हूं…

अभिव्यक्ति का कोना : फिर कभी मेरे सामने मत आना

आखिर मैं तुमसे मिलने की सोचने ही लगा, जबकि तुम हमेशा से चाहती रही कि मैं…

अभिव्यक्ति का कोना : फिर कभी मेरे सामने मत आना

आखिर मैं तुमसे मिलने की सोचने ही लगा, जबकि तुम हमेशा से चाहती रही कि मैं…

अभिव्यक्ति का कोना : तुम भी महसूस करो

अरे मेरी प्रिय तुम्हें कैसे बताऊं कि तुम क्या हो मेरे लिए… तुम कहां हो मुझसे…

अभिव्यक्ति का कोना : तुम भी महसूस करो

अरे मेरी प्रिय तुम्हें कैसे बताऊं कि तुम क्या हो मेरे लिए… तुम कहां हो मुझसे…

अभिव्यक्ति का कोना : जिंदगी और प्यार

जीवन क्या है? क्या यह प्रेम और प्रेम के द्वंद्व विचरती हुई अनवरत यात्रा नहीं है…