बांबे हाईकोर्ट ने केंद्र से मांगी ब्लैक फंगस की दवा के वितरण की रिपोर्ट

Mumbai. बांबे हाईकोर्ट (Bombay High Court) ने मंगलवार को केंद्र सरकार से राज्यों को दी गई ब्लैक फंगस (म्युकरमाइकोसिस) की दवा की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। कोर्ट ने कहा कि यह जानना जरूरी है कि केंद्र सरकार इसकी दवा सभी राज्यों को समान रूप से वितरित कर रही है या नहीं। इस मामले की सुनवाई 10 जून तक के लिए स्थगित कर दी गई है। 

हाईकोर्ट में मंगलवार को मुख्य न्यायाधीश दीपाकंर दत्ता व न्यायाधीश जी.एस.कुलकर्णी म्युकरमाइकोसिस (Black Fungus) के बारे दाखिल सूमोटो याचिका की सुनवाई कर रहे थे। महाराष्ट्र सरकार की ओर से पेश वकील आशुतोष कुंभकोणी ने कोर्ट को बताया कि सूबे में 1 जून तक 5126 म्युकरमाइकोसिस के संक्रमित मिले हैं। सूबे के 42 सरकारी अस्पतालों में और 419 निजी अस्पतालों में म्युकरमाइकोसिस संक्रमितों का इलाज किया जा रहा है। महाराष्ट्र को 40 हजार म्युकरमाइकोसिस रोधी दवा और डोजेज की जरूरत है। सूबे में नागपुर, पुणे, औरंगाबाद, सोलापुर और नासिक जिलों में म्युकरमाइकोसिस संक्रमितों की संख्या सर्वाधिक है। 

केंद्र सरकार की ओर से हाईकोर्ट में पेश वकील अनिल सिंह ने बताया कि केंद्र सरकार ने महाराष्ट्र को 91000 म्युकरमाइकोसिस रोधी डोजेज अब तक दिया है। राज्य सरकार ने और अधिक डोजेज की मांग केंद्र से किया है। इसके बाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को कोरोना संक्रमितों के साथ म्युकरमाइकोसिस मरीजों के अस्पतालों में बेड की व्यवस्था की जानकारी पेश करने का निर्देश दिया। साथ ही केंद्र सरकार को हर राज्यों में म्युकरमाइकोसिस संक्रमितों की संख्या व हर राज्यों में म्युकरमाइकोसिस डोजेज के वितरण की जानकारी कोर्ट में पेश करने का निर्देश दिया है। हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई 10 जून तक के लिए स्थगित कर दिया है।